राजस्थान में बारिश का कहर (सोर्स- सोशल मीडिया)
Rajasthan News: राजस्थान के डीडवाना ज़िले के कुचामन इलाके में इस बार मानसून की पहली बारिश ने भयानक तबाही मचा दी। करीब 30 साल बाद जोजरी नदी में ऐसा तेज़ बहाव देखने को मिला है, जिसने पूरे इलाके में हड़कंप मचा दिया। पहाड़ियों से बहता पानी खेतों की सीमाओं को तोड़कर सीधे गांवों में घुस गया। पिछले तीन दशकों में जब नदी पूरी तरह सूखी पड़ी थी, तब लोगों ने उसके किनारे घर बना लिए थे। लेकिन अब अचानक आए पानी ने उन सभी घरों को अपनी चपेट में ले लिया और लोग कुदरत के सामने बेबस नजर आए।
खेतों में खड़ी फसलें तबाह
जोजरी नदी के तेज़ बहाव ने नागवाड़ा और नालोट गांवों के खेतों को पूरी तरह डुबो दिया। कई जगहों पर फसलें नष्ट हो गईं और खेतों की उपजाऊ मिट्टी तक बह गई। इससे किसानों की महीनों की मेहनत पूरी तरह बर्बाद हो गई। जिन खेतों में हरियाली लहलहा रही थी, अब वहां सिर्फ पानी ही पानी नजर आ रहा है।
घरों और दुकानों में घुसा पानी
गांवों में पानी घुसने से घरों और दुकानों में रखे सामान खराब हो गए। ग्रामीणों का घरेलू सामान पूरी तरह बर्बाद हो गया, वहीं दुकानदारों को व्यापार में भारी नुकसान उठाना पड़ा। कई झोपड़ियों के चारों तरफ पानी भर जाने से रास्ते बंद हो गए और लोग अपने ही घरों में फंसे रह गए।
बुजुर्गों की यादें, नदी का बदला रूप
गांव के बुजुर्गों का कहना है कि जोजरी नदी कभी इलाके की शान मानी जाती थी। लेकिन पिछले 30 सालों से यह नदी पूरी तरह सूखी हुई थी। इस बार की बारिश ने नदी को फिर से जीवित तो कर दिया, पर इसके साथ ही भारी मुसीबत भी ले आई। बुजुर्गों ने बताया कि पहले नदी से खेती और जीवन को सहारा मिलता था, पर अब यह संकट का कारण बन गई है।
लोगों में दहशत का माहौल
लोग डर में हैं कि अगर बारिश इसी तरह जारी रही तो नुकसान और ज्यादा बढ़ सकता है। गांववालों ने प्रशासन से तुरंत राहत और बचाव कार्य शुरू करने की मांग की, ताकि स्थिति को संभाला जा सके और लोगों को राहत मिल सके।