झारखंड के गिरिडीह जिले में पुलिस ने शराब तस्करी के एक बड़े रैकेट का पर्दाफाश किया है। रविवार देर रात को गुप्त सूचना के आधार पर कार्रवाई करते हुए पुलिस ने दो तस्करों को गिरफ्तार किया और उनकी कार से भारी मात्रा में अवैध शराब बरामद की। यह कार्रवाई बिहार में शराबबंदी के बावजूद तस्करी के बढ़ते मामलों के खिलाफ पुलिस की सख्ती को दर्शाती है।
पुलिस को सूचना मिली थी कि एक कार में भारी मात्रा में शराब लेकर तस्कर बिहार की ओर जा रहे हैं। इसके बाद, गिरिडीह पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए नाकाबंदी की और संदिग्ध कार को रोका। तलाशी के दौरान कार से बड़ी मात्रा में विदेशी और देसी शराब की बोतलें बरामद हुईं, जिनकी कीमत लाखों रुपये आंकी जा रही है। पुलिस ने दोनों तस्करों को मौके पर ही हिरासत में ले लिया।
पूछताछ में तस्करों ने खुलासा किया कि यह शराब झारखंड से बिहार के विभिन्न इलाकों में सप्लाई की जानी थी। बिहार में शराबबंदी के कारण तस्कर नए-नए तरीकों से शराब की तस्करी कर रहे हैं। गिरिडीह, जो बिहार की सीमा से सटा हुआ है, तस्करी का प्रमुख गढ़ बनता जा रहा है। पुलिस ने कार को जब्त कर लिया और मामले में आगे की जांच शुरू कर दी है।
गिरिडीह के पुलिस अधीक्षक ने बताया कि तस्करों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी और इस रैकेट से जुड़े अन्य लोगों का पता लगाया जा रहा है। हाल के महीनों में झारखंड से बिहार में शराब तस्करी के कई मामले सामने आए हैं, जिसमें दूध के टैंकर और फलों की गाड़ियों का इस्तेमाल किया गया। पुलिस अब ऐसी तस्करी को रोकने के लिए निगरानी बढ़ा रही है।
यह घटना बिहार में शराबबंदी की प्रभावशीलता पर सवाल उठाती है और पुलिस की सक्रियता की जरूरत को रेखांकित करती है। स्थानीय लोग मांग कर रहे हैं कि ऐसी गतिविधियों पर और सख्ती से अंकुश लगाया जाए।